
रामनाथ रावत
सीतापुर। लगातार मूसलाधार बारिश के कारण नगर पंचायत सिधौली के कई इलाकों में भीषण जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है।
लगातार हो रही पानी की बौछारों और खराब जल निकासी व्यवस्था के चलते कस्बे के निचले इलाकों समेत कई मुख्य मार्ग पूरी तरह जलमग्न हो गए हैं, जिससे स्थानीय नागरिकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कस्बे के कई मोहल्लों में सड़कों पर घुटनों तक पानी भर गया है।
नालियों और बड़े नालों के चोक होने की वजह से गंदा पानी लोगों के घरों और दुकानों के भीतर तक प्रवेश कर चुका है। इससे न सिर्फ घरेलू सामान को नुकसान पहुंच रहा है, बल्कि संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा भी मंडराने लगा है।
जलभराव के चलते राहगीरों और वाहन चालकों को आवागमन में भारी परेशानी हो रही है, जिससे बाजार की रफ्तार सुस्त पड़ गई है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि नगर पंचायत द्वारा मानसून से पहले नालों की मुकम्मल सफाई नहीं कराई गई। इसी लापरवाही का नतीजा है कि थोड़ी सी अधिक बारिश होते ही पूरा कस्बा टापू में तब्दील हो जाता है।
एडवोकेट संपूर्णानंद ने प्रशासन से जल्द से जल्द पंपिंग सेट लगाकर पानी निकलवाने और प्रभावित इलाकों में फॉगिंग व चूने का छिड़काव कराने की मांग की है। मौसम विभाग की मानें तो अगले 24 से 48 घंटों में और बारिश होने की संभावना है, जिससे हालात और बिगड़ सकते हैं।
ईओ रेणुका यादव ने संभाला मोर्चा, खुद उतरीं मैदान में
जलभराव की इस गंभीर स्थिति को देखते हुए नगर पंचायत प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। अधिशासी अधिकारी रेणुका यादव ने खुद मोर्चा संभालते हुए प्रभावित इलाकों का दौरा किया। उन्होंने नगर पंचायत टीमों को तत्काल राहत कार्य में जुटने के निर्देश दिए।
ईओ रेणुका यादव की देखरेख में भारी मशीनों और पंपों के जरिए जलमग्न इलाकों से पानी निकालने का काम युद्ध स्तर पर शुरू कर दिया गया है। इसके साथ ही बंद पड़े नालों और चोक हुई नालियों को साफ करने के लिए कर्मचारियों को तैनात किया गया है ताकि पानी की निकासी तेजी से हो सके।
इसके साथ ही नगर पंचायत की ओर से सोशल मीडिया पर नगर कर्मियों के संपर्क नंबर जारी किए गए हैं। नगरवासियों से अपील की है कि वे जलभराव या जल निकासी से जुड़ी किसी भी समस्या के लिए तत्काल नगर पंचायत को सूचित करें, ताकि मौके पर टीम भेजकर त्वरित समाधान कराया जा सके।





