मिशन शक्ति में निजी सुरक्षा एजेंसी के 771 कर्मियों को किया गया प्रशिक्षित

महिलाओं की सुरक्षा को और पुख्ता करेंगे निजी एजेंसियों के सुरक्षा कर्मी

लखनऊ। सेफ सिटी परियोजना के तहत 17 नगर निगम और गौतमबुद्धनगर में महिला-बेटियों की सुरक्षा का विशेष ख्याल रखा जा रहा है।

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ऐसे में जहां एक ओर इन जगहों पर सीसीटीवी कैमरे का जाल बिछाया जा रहा है, वहीं इन कैमरों को यूपी-112 से इंटीग्रेट करने का काम भी युद्धस्तर पर चल रहा है। इन शहरों में व्यवसायिक गतिविधियों और इंस्टीट्यूशन की संख्या काे देखकर निजी सुरक्षा एजेंसियों के कर्मचारियों को प्रशिक्षत किया गया है।

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निजी सुरक्षा एजेंसियों की अहम भूमिका

योगी सरकार ने सेफ सिटी परियोजना में प्रदेश के 17 नगर निगम और गौतमबुद्धनगर में रजिस्टर्ड निजी सुरक्षा एजेंसियों की भूमिका को अहम माना है। इस पर इन शहरों में रजिस्टर्ड निजी सुरक्षा एजेंसियों को चिह्नित किया गया है। निजी सुरक्षा एजेंसियों के मामले में गाजियाबाद पहले, कानपुर दूसरे, मेरठ तीसरे, गौतमबुद्धनगर चौथे और बरेली पांचवें स्थान पर है।

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बता दें कि इन शहरों में औद्योगिक प्रतिष्ठानों और कॉर्पोरेट सेक्टर के दफ्तरों की बढ़ती संख्या की वजह से इजाफा हो रहा है, इसीलिए इनका सेफ सिटी परियोजना में भी उपयोग किया जाएगा। इसके लिए एजेंसियों के कर्मचारियों को प्रशिक्षण देकर उनकी सहभागिता और सक्रियता को बढ़ाया जा रहा है। प्रदेश में 712 निजी सुरक्षा एजेंसियां रजिस्टर्ड हैं। बीते तीन माह में 48 गोष्ठियों में 124 एजेंसियों के 771 कर्मियों ने हिस्सा लिया, जिसमें से 12 कर्मियों को अच्छे कार्यों के लिए पुरस्कृत भी किया गया।

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पुलिस को देंगे छेड़खानी की सूचना

एजेंसियों के कर्मचारी इन शहर के हाॅट स्पॉट पर नजर रखेंगे। वह शहर की कॉलोनियों, मोहल्लों और हाउसिंग सोसाइटी के आसपास के अंधेरे इलाकों में महिलाओं और बालिकाओं के साथ होने वाली छेड़खानी की त्वरित सूचना तत्काल पुलिस को देंगे।

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गाजियाबाद में निजी सुरक्षा एजेंसियों की संख्या 178, कानपुर में 101, मेरठ में 98, गौतमबुद्धनगर में 74, बरेली में 67, लखनऊ में 55, प्रयागराज में 42, आगरा में 23, सहारनपुर में 23, अलीगढ़ में 15, मुरादाबाद में 15, शाहजहांपुर में 6, झांसी में 6, वाराणसी में 3, अयोध्या में 3, मथुरा में 3 एजेंसियां रजिस्टर्ड हैं। गोरखपुर और फिरोजाबाद में कोई भी एजेंसी रजिस्टर्ड नहीं है।

Rajeev Jain

rajeevcrime@gmail.com

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